राम मंदिर चढ़ावा चोरी: अयोध्या पुलिस की बड़ी कार्रवाई, अनुकल्प-टिन्नू और लवकुश के घर दी दबिश

जुबिली स्पेशल डेस्क
अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के मामले ने अब नया मोड़ ले लिया है। एक ओर जहां श्रीराम जन्मभूमि ट्रस्ट के भीतर इस्तीफों को लेकर हलचल मची हुई है, वहीं दूसरी ओर उत्तर प्रदेश पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई को और तेज कर दिया है। रविवार सुबह पुलिस की कई टीमों ने एक साथ आरोपियों के घरों पर छापेमारी कर जांच को नई दिशा देने की कोशिश की।
जानकारी के अनुसार, 28 जून की सुबह करीब 7 बजे पुलिस की 6 टीमें एक साथ सक्रिय हुईं और मुख्य आरोपी रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू समेत सभी 8 आरोपियों के ठिकानों पर दबिश दी। हालांकि, टिन्नू यादव के घर पर ताला लगा मिला, लेकिन अन्य आरोपियों के परिजनों से पूछताछ की गई। पुलिस ने घरों की तलाशी के साथ-साथ महत्वपूर्ण दस्तावेजों की जांच भी की और पड़ोसियों से भी जानकारी जुटाई।
जांच एजेंसियों का मानना है कि चोरी गए चढ़ावे का कुछ हिस्सा आरोपियों के घरों से बरामद हो सकता है। इसी के चलते छापेमारी के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए, ताकि किसी भी तरह की बाधा या हस्तक्षेप न हो सके।
इस मामले में पहले ही 25 जून को मंदिर ट्रस्ट के सदस्य कृष्ण मोहन की शिकायत पर FIR दर्ज की गई थी, जिसके बाद 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। 26 जून को अदालत ने सभी आरोपियों को तीन दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया था।
इसी बीच, ट्रस्ट के भीतर भी हलचल तेज हो गई है। महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा के इस्तीफे की पुष्टि हो चुकी है। ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि ने बताया कि इन इस्तीफों पर 11 जुलाई को होने वाली बैठक में फैसला लिया जाएगा। उन्होंने श्रद्धालुओं को आश्वस्त किया कि मंदिर में चढ़ाया गया सोना-चांदी पूरी तरह सुरक्षित है।
गौरतलब है कि यह पूरा मामला 7 जून को सामने आया था, जिसके बाद यूपी सरकार ने SIT का गठन किया। SIT ने 23 जून को अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट सरकार को सौंप दी थी। अब पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई और ट्रस्ट के भीतर उठे सवाल इस पूरे मामले को और संवेदनशील बना रहे हैं।


