ईरान: पूर्व सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की अंतिम यात्रा शुरू, उमड़ा 1 करोड़ से अधिक लोगों का हुजूम; तेहरान में सुरक्षा सख्त

Iran Ali Khamenei Funeral: ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर आयतुल्ला अली खामेनेई (Ayatollah Ali Khamenei) की मुख्य अंतिम यात्रा आज यानी सोमवार, 6 जुलाई को शुरू हो गई है। अमेरिकी और इजरायली हवाई हमलों में मारे गए खामेनेई को विदाई देने के लिए तेहरान की सड़कों पर 1 करोड़ से अधिक लोगों की भारी भीड़ जुटने की उम्मीद है। प्रशासन के सामने सबसे बड़ी चुनौती 37 साल पहले देश के पहले सुप्रीम लीडर के अंतिम संस्कार के दौरान मची ऐतिहासिक भगदड़ को रोकने की है।

पिछले दो दिनों से तेहरान की ‘ग्रैंड मोसल्ला मस्जिद’ (Grand Mosalla Mosque) में अली खामेनेई और उनके परिवार के सदस्यों के ताबूत अंतिम दर्शन के लिए रखे गए थे। सोमवार सुबह 6 बजे से यह अंतिम यात्रा शुरू हो चुकी है, जिसके पूरे शहर में करीब 10 से 12 घंटे तक चलने की संभावना है।

ईरानी सरकार के लिए यह आयोजन न केवल एक विदाई है, बल्कि इजरायल और अमेरिका के साथ पांच हफ्ते तक चले युद्ध के बाद अपनी ताकत और एकजुटता का प्रदर्शन करने का एक बड़ा मौका भी है।

ईरान प्रशासन इस बार सुरक्षा को लेकर बेहद मुस्तैद है। साल 1989 में देश के पहले सुप्रीम लीडर आयतुल्ला रुहोल्लाह खुमैनी के अंतिम संस्कार में भी करीब 1 करोड़ लोग पहुंचे थे। उस समय बेकाबू भीड़ के कारण मची भगदड़ में 10 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई थी और 10,000 से अधिक लोग घायल हुए थे। स्थिति इतनी बिगड़ गई थी कि भीड़ ने शव वाहन को घेर लिया था, जिससे कफन फट गया था और शव जमीन पर गिर गया था। बाद में हेलीकॉप्टर की मदद से अंतिम संस्कार करना पड़ा था।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम: इस बार मस्जिद में भगदड़ रोकने के लिए ताबूतों और आम जनता के बीच बड़ी-बड़ी कंक्रीट की दीवारें बनाई गई थीं। हालांकि, अंतिम यात्रा के दौरान लोग ताबूत के कितने करीब जा सकेंगे, इस पर अभी सस्पेंस बना हुआ है।

28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के हवाई हमलों में अली खामेनेई के साथ उनके परिवार के चार सदस्य भी मारे गए थे। रविवार को खामेनेई के तीन बेटे पहली बार सार्वजनिक रूप से दिखाई दिए। लेकिन सबके मन में एक ही सवाल है कि नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई (Mojtaba Khamenei) कहां हैं? पिता की मौत के बाद मोजतबा को नया सुप्रीम लीडर बनाया गया था, लेकिन वे अब तक सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आए हैं। अधिकारियों के मुताबिक, हवाई हमलों में मोजतबा घायल हुए थे, लेकिन उनकी चोट कितनी गंभीर है, इसकी जानकारी गोपनीय रखी गई है।

दूसरी ओर, रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) के नए प्रमुख अहमद वाहिदी रविवार को दूसरी बार सार्वजनिक रूप से दिखाई दिए। पूरे युद्ध के दौरान अंडरग्राउंड रहने के बाद अब वे खुलकर सामने आ रहे हैं।

साढ़े तीन दशक से ज्यादा समय तक ईरान पर शासन करने वाले अली खामेनेई का अंतिम संस्कार कई शहरों से होकर गुजरेगा:

  • सोमवार (6 जुलाई): तेहरान में मुख्य अंतिम यात्रा।
  • मंगलवार (7 जुलाई): धार्मिक शहर कोम (Qom) में विदाई कार्यक्रम।
  • बुधवार (8 जुलाई): इराक के पवित्र शहर नजफ और कर्बला में श्रद्धांजलि सभा।
  • गुरुवार (9 जुलाई): उत्तर-पूर्वी ईरान में स्थित उनके पैतृक शहर मशहद (Mashhad) में उन्हें सुपुर्द-ए-खाक (दफनाया) किया जाएगा।

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