पुंछ में कुदरत का कहर: बादल फटने से भारी तबाही, 15 की मौत; 7 लोग अब भी लापता

पुंछ (जम्मू-कश्मीर): जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। बादल फटने और अचानक आई बाढ़ (Flash Flood) की घटनाओं ने जिले में भारी तबाही मचाई है। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 15 लोगों की मौत की खबर है, जबकि 7 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।
प्रशासन, पुलिस और SDRF की टीमें लगातार राहत और बचाव अभियान चला रही हैं। प्रभावित इलाकों में मलबा हटाने और लापता लोगों की तलाश का काम जारी है।
दरा संगला गांव में बादल फटने से भारी नुकसान
पुंछ के दरा संगला गांव में बादल फटने के बाद हालात बेहद खराब हो गए हैं। गांव में कई घर बह गए हैं और चार लोगों की मौत की जानकारी सामने आई है। हालांकि, अब तक केवल एक शव बरामद किया जा सका है।
ग्रामीणों के मुताबिक, पहाड़ी नाला अचानक उफनती नदी में बदल गया, जिससे आसपास के इलाकों में भारी नुकसान हुआ। करीब 30 घर पूरी तरह बह जाने की जानकारी सामने आई है। इलाके में अभी भी खतरा बना हुआ है और प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है।
किश्तवाड़ और डोडा में भी बारिश का कहर
भारी बारिश का असर केवल पुंछ तक सीमित नहीं है। जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ और डोडा जिलों में भी भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं। बारिश के कारण कई सड़कें बंद हो गई हैं।
प्रशासन के अनुसार, बारिश और बादल फटने की घटनाओं से करीब 210 सड़कें प्रभावित हुई थीं। इनमें से 110 सड़कों को बहाल कर दिया गया है, जबकि लगभग 100 सड़कों पर मरम्मत का काम जारी है।
बीजेपी प्रतिनिधिमंडल ने लिया हालात का जायजा
आपदा प्रभावित दरा संगला गांव में बीजेपी की ओर से गठित प्रतिनिधिमंडल नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा के नेतृत्व में पहुंचा। टीम ने मौके पर जाकर नुकसान का जायजा लिया और प्रभावित परिवारों से मुलाकात की।
सुनील शर्मा ने कहा कि दौरे के आधार पर एक विस्तृत रिपोर्ट केंद्र सरकार को भेजी जाएगी, ताकि प्रभावित लोगों को जल्द राहत और उचित मुआवजा मिल सके।
बीजेपी ने की तत्काल राहत और मुआवजे की मांग
बीजेपी नेता रविंद्र रैना ने कहा कि पुंछ और राजौरी के लोगों को भारी नुकसान हुआ है और उन्हें तुरंत राहत सहायता की जरूरत है।
वहीं सुनील शर्मा ने राज्य सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि आपदा की इस घड़ी में सरकार के जिम्मेदार प्रतिनिधियों को प्रभावित लोगों के बीच पहुंचना चाहिए था। उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों ने अपने घर और परिवार के सदस्यों को खोया है, जबकि प्रशासनिक स्तर पर अपेक्षित सक्रियता नहीं दिखी।
उन्होंने कहा कि बीजेपी की ओर से जल्द ही प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री पहुंचाई जाएगी।
राहत और बचाव अभियान जारी
फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता लापता लोगों को तलाशना, प्रभावित परिवारों तक मदद पहुंचाना और सड़क संपर्क बहाल करना है। लगातार बारिश के कारण बचाव कार्यों में भी चुनौतियां बनी हुई हैं।



