Baruipur Rape-Murder Case: बरुईपुर में 12 साल की बच्ची से दरिंदगी का मुख्य आरोपी प्रभास मंडल पुलिस एनकाउंटर में ढेर; क्राइम सीन पर चली गोली

पश्चिम बंगाल के बरुईपुर में 12 साल की मासूम के साथ रेप और मर्डर के मुख्य आरोपी प्रभास मंडल का पुलिस ने एनकाउंटर कर दिया है… क्राइम सीन रिक्रिएशन के दौरान आरोपी ने पुलिस की पिस्टल छीनकर फायरिंग की थी। पढ़ें पूरी रिपोर्ट…
- एनकाउंटर में ढेर: क्राइम सीन रिक्रिएट करने गई पुलिस टीम पर आरोपी प्रभास मंडल ने चलाई गोली, जवाबी कार्रवाई में मारा गया।
- डिजिटल सबूतों से खुलासा: SIT को मिले मोबाइल टावर लोकेशन से साफ हुआ था कि वारदात को पूरी प्लानिंग के साथ अंजाम दिया गया था।
- मासूम से दरिंदगी: 4 जुलाई को लापता हुई थी 12 वर्षीय बच्ची, अगले दिन तालाब से बरामद हुआ था शव।
आधी रात को मर्सिडीज-स्टाइल एनकाउंटर: भागने की कोशिश में मारा गया प्रभास मंडल
जुबिली स्पेशल डेस्क
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के बरुईपुर में 12 साल की बच्ची के साथ हुए बर्बर रेप और मर्डर केस में एक बड़ा और चौंकाने वाला मोड़ आ गया है। मामले का मुख्य आरोपी प्रभास मंडल पुलिस एनकाउंटर में मारा गया है। यह घटना बुधवार (8 जुलाई) की आधी रात के बाद करीब 12:45 बजे की है, जब पुलिस टीम उसे लेकर सूर्यापुर स्थित क्राइम स्पॉट पर पहुंची थी।
बरुईपुर के एसपी (SP) ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया
“केस नंबर 1350/26 के जांच अधिकारी अपनी टीम के साथ आरोपी प्रभाष मंडल को लेकर क्राइम सीन रिक्रिएट (Crime Scene Recreation) कराने पहुंचे थे। लेकिन सीन शुरू होने से पहले ही आरोपी ने एक पुलिसकर्मी का हथियार छीन लिया और पुलिस टीम पर एक राउंड फायर झोंक दिया। जब उसने भागने की कोशिश की, तो आत्मरक्षा में पुलिस ने जवाबी फायरिंग की, जिसमें आरोपी घायल हो गया। उसे तुरंत बरुईपुर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।”
SIT को मिले थे ‘प्लान्ड मर्डर’ के पुख्ता सबूत: टावर लोकेशन ने खोली थी पोल
इस खौफनाक वारदात की जांच के लिए शुभेंदु सरकार के निर्देश पर एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) का गठन किया गया था। जांच के दौरान एसआईटी के हाथ कुछ ऐसे बेहद अहम डिजिटल और तकनीकी सबूत लगे थे, जिन्होंने इस पूरी थ्योरी को साफ कर दिया था कि यह कोई अचानक हुआ अपराध नहीं, बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी।
- एक ही जगह थे तीनों आरोपी: बरुईपुर जिला पुलिस के सूत्रों के अनुसार, मामले में गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों के मोबाइल फोन की टावर लोकेशन 4 जुलाई को शाम 4:30 बजे से लेकर रात 11:00 बजे के बीच एक ही स्थान पर एक्टिव पाई गई थी।
- वारदात का समय: यह वही समय था जब 12 साल की मासूम बच्ची लापता हुई थी और उसके साथ दरिंदगी को अंजाम दिया गया था।
क्या था पूरा मामला?
गौरतलब है कि 4 जुलाई की शाम करीब 6 बजे बरुईपुर की रहने वाली 12 साल की एक बच्ची अचानक लापता हो गई थी। परिजनों की काफी तलाश के बाद भी उसका कुछ पता नहीं चला। अगले दिन, यानी 5 जुलाई को पीड़िता का शव स्थानीय इलाके के ही एक तालाब से बरामद हुआ। पोस्टमार्टम और शुरुआती जांच में यह साफ हो गया कि बच्ची की गला दबाकर हत्या करने से पहले उसके साथ बेरहमी से बलात्कार किया गया था। इस घटना के बाद पूरे बंगाल में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा था।

