सीतापुर में अखिलेश यादव के खिलाफ विवादित होर्डिंग, सपा सांसद आनंद भदौरिया ने पोस्टर जलाया

उत्तर प्रदेश के सीतापुर में समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव को लेकर लगाए गए एक विवादित होर्डिंग पर राजनीतिक विवाद गहरा गया है। कांशीराम कॉलोनी के पास बाईपास पर लगे इस होर्डिंग की जानकारी मिलने के बाद सपा सांसद आनंद भदौरिया मौके पर पहुंचे। उन्होंने होर्डिंग को हटाकर उसमें आग लगा दी और इस घटना की कड़ी निंदा की।

होर्डिंग हटाने के बाद आनंद भदौरिया ने इसे “कायराना हरकत” बताते हुए राज्य सरकार और सूचना विभाग पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जो भी लोग इसके पीछे हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

सपा सांसद ने आरोप लगाया कि इस तरह के पोस्टर लगाकर प्रदेश का माहौल खराब करने की कोशिश की जा रही है।

जानकारी के मुताबिक, विवादित होर्डिंग में समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव और पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव की तस्वीरें लगाई गई थीं। पोस्टर पर “दिल में बाबर, मुंह में राम” लिखा गया था, जिस पर सपा नेताओं ने कड़ी आपत्ति जताई।

इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है कि यह होर्डिंग किसने लगाया था।

यह पहली बार नहीं है जब सीतापुर में इस तरह का मामला सामने आया हो। इससे पहले 22 जून को भी लखनऊ-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग बाईपास पर इसी तरह के विवादित पोस्टर लगाए गए थे। उस समय भी सपा नेताओं ने विरोध जताते हुए पोस्टर हटाए थे।

बताया जा रहा है कि विवादित होर्डिंग पर किसी व्यक्ति, संगठन या संस्था का नाम दर्ज नहीं था। ऐसे में अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इसे किसने लगाया।

आनंद भदौरिया ने आरोप लगाया कि यह किसी स्थानीय व्यक्ति का काम नहीं है और इसमें सरकारी तंत्र, खासकर सूचना विभाग की भूमिका हो सकती है। हालांकि, इस आरोप के समर्थन में फिलहाल कोई आधिकारिक साक्ष्य सार्वजनिक नहीं किया गया है।

फिलहाल स्थानीय प्रशासन ने इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। वहीं, होर्डिंग लगाने वाले व्यक्ति या संगठन की पहचान भी अब तक सार्वजनिक नहीं की गई है।

इस बीच सपा ने कहा है कि वह इस पूरे मामले को पार्टी नेतृत्व के सामने उठाएगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए रणनीति तैयार करेगी।

Related Articles

Back to top button