लखनऊ के खिलाड़ियों की बल्ले-बल्ले! SNI और मैक्स हॉस्पिटल के बीच हुआ बड़ा समझौता, मिलेगी खास हेल्थ सुविधाएं

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के खिलाड़ियों के लिए एक शानदार खबर है। खेल के मैदान पर लगने वाली चोटें अब खिलाड़ियों के करियर में बाधा नहीं बनेंगी। स्पोर्ट्स नेटवर्क इंडिया (SNI) और मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल ने एक ऐतिहासिक हाथ मिलाया है। शुक्रवार को दोनों संस्थानों के बीच एक एमओयू (MoU) साइन किया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य खिलाड़ियों को वर्ल्ड-क्लास मेडिकल सुविधाएं और तेज़ रिकवरी उपलब्ध कराना है।
मैदान पर सुरक्षित होंगे खिलाड़ी: इंजरी मैनेजमेंट पर जोर
इस समझौते के तहत एसएनआई से जुड़े सभी स्पोर्ट्स सेंटर, स्टेडियम और स्कूलों के खिलाड़ियों को मैक्स हॉस्पिटल की ओर से विशेष चिकित्सा सुविधाएं मिलेंगी।
- तेज़ रिकवरी: स्पोर्ट्स इंजरी (खेल के दौरान चोट) का सटीक और वैज्ञानिक इलाज।
- रिहैबिलिटेशन: चोट के बाद खिलाड़ी को वापस फिट करने के लिए खास रिहैब प्रोग्राम।
- पारिवारिक लाभ: सुविधाओं का लाभ केवल खिलाड़ियों को ही नहीं, बल्कि उनके परिवारों को भी मिलेगा।
डॉ. प्रसून कांत शमशेरी के खास टिप्स: “सही समय पर इलाज है जरूरी”
एमओयू के अवसर पर आयोजित सेमिनार में विख्यात स्पोर्ट्स इंजरी विशेषज्ञ डॉ. प्रसून कांत शमशेरी ने महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। उन्होंने बताया कि अक्सर खिलाड़ी छोटी चोट को नजरअंदाज कर देते हैं, जो बाद में गंभीर रूप ले लेती है।

“वैज्ञानिक पद्धति और सही रिहैबिलिटेशन के जरिए खिलाड़ी न केवल जल्दी ठीक हो सकते हैं, बल्कि पहले से बेहतर प्रदर्शन के साथ मैदान पर वापसी कर सकते हैं।” – डॉ. प्रसून कांत शमशेरी
दिग्गजों की मौजूदगी में तय हुई नई राह
मैक्स हॉस्पिटल की ओर से आशीष शर्मा और एसएनआई के निदेशक डॉ. आनंद किशोर पांडेय ने समझौते पर हस्ताक्षर किए। कार्यक्रम में कई बड़ी हस्तियां शामिल हुईं:
- प्रमित मिश्रा (यूनिट हेड, मैक्स हॉस्पिटल): उन्होंने सामाजिक स्वास्थ्य और खेलों के प्रति अस्पताल की प्रतिबद्धता दोहराई।
- अनिल अग्रवाल (MD, सेंट जोसेफ ग्रुप): मुख्य अतिथि के रूप में खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया।
- सुनील तुली (निदेशक, मॉडर्न ग्रुप): विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
इस अवसर पर अजय सेठी (पूर्व क्षेत्रीय क्रीड़ाधिकारी), पूजा सिंह (प्रधानाचार्या, गुरुकुलम स्कूल) और बड़ी संख्या में खेल विशेषज्ञ व कोच उपस्थित रहे।

