Monday - 6 April 2020 - 10:45 AM

18 मौतों का दोषी कौन ?

न्‍यूज डेस्‍क

नॉर्थ-ईस्ट दिल्ली में पिछले तीन दिनों से हो रही हिंसा में एक हेड कॉन्स्टेबल समेत अबतक 17 लोगों की मौत हो चुकी है। हिंसा प्रभावित इलाकों में पुलिस को अब दंगाइयों को देखते ही गोली मारने के आदेश दे दिए गए हैं। तीन दिनों तक दिल्ली में उपद्रवियों ने जो तांडव मचाया, अब बुधवार की सुबह दिल्ली के इस क्षेत्र में शांति है और पुलिस यहां पर तैनात है। इस बीच सवाल उठ रहे हैं कि पुलिस को फैसला लेने में देरी क्‍यों हुई। आखिर दिल्‍ली पुलिस को किस बात इंतेजार था। हिंसा के दौरान हुई 13 मौतों का जिम्‍मेदार कौन है।

दूसरी ओर नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) पर टकराव के कारण हुई हिंसा मामले में दिल्ली हाई कोर्ट में आधी रात को सुनवाई हुई। जस्टिस एस. मुरलीधर के घर पर मंगलवार देर रात हुई सुनवाई में हाई कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को मुस्तफाबाद के एक अस्पताल से एंबुलेंस को सुरक्षित रास्ता और मरीजों को सरकारी अस्पताल में शिफ्ट करने का निर्देश दिया। इसके साथ ही स्टेटस रिपोर्ट तलब की। आज दोपहर 2.15 बजे मामले पर फिर से सुनवाई होगी।

दिल्ली हिंसा मामले में राहुल रॉय ने याचिका दाखिल की थी। इस याचिका की पैरवी वरिष्ठ वकील सुरूर मंडेर और चिरायू जैन कर रहे थे। अपने फैसले में जस्टिस एस. मुरलीधर ने कहा कि दिल्ली हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस जीएस सिस्तानी बाहर हैं। मामला काफी गंभीर है और घायलों को इलाज नहीं मिल पा रहा है. इस वजह से मामले की आधी रात सुनवाई की जा रही है।

इससे पहले हालात का जायजा लेने के लिए राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल मंगलवार देर रात हिंसा प्रभावित इलाकों में पहुंचे। उन्होंने गाड़ी में बैठकर सीलमपुर, भजनपुरा, मौजपुर, यमुना विहार जैसे हिंसा प्रभावित इलाकों की स्थिति का जायजा लिया।

एनएसए डोभाल रात करीब साढ़े 11 बजे सीलमपुर स्थित नॉर्थ-ईस्ट दिल्ली के डीसीपी (डेप्युटी कमिश्नर ऑफ पुलिस) दफ्तर पहुंचे और वहां बैठक कर शहर में सुरक्षा की स्थिति की समीक्षा की। करीब एक घंटे तक चली बैठक में डीसीपी नॉर्थ-ईस्ट, स्पेशल पुलिस कमिश्नर (लॉ ऐंड ऑर्डर) एस. एन. श्रीवास्तव और दूसरे वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

दिल्ली पुलिस के स्पेशल कमिश्नर (क्राइम) सतीश गोलचा ने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने जाफराबाद मेट्रो स्टेशन और मौजपुर चौक को खाली कर दिया है। हालात नियंत्रण में हैं।

इससे पहले गृह मंत्री अमित शाह ने दिल्ली पुलिस और गृह मंत्रालय के अधिकारियों के साथ बैठक की थी। पिछले 24 घंटों में शाह की यह तीसरी बैठक थी। सूत्रों के मुताबिक यह बैठक रात 7 बजे शुरू हुई और रात 10 बजे तक चली।

बता दें कि पिछले 3 दिनों से नॉर्थ-ईस्ट दिल्ली में जारी उपद्रव में अबतक एक हेड कॉन्स्टेबल रतन लाल समेत 13 लोगों की जान जा चुकी है। उपद्रव में दो दर्जन से ज्यादा वाहनों और दुकानों को आग लगा दिया गया है। इन घटनाओं में 200 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।

English

Powered by themekiller.com anime4online.com animextoon.com apk4phone.com tengag.com moviekillers.com