भीम आर्मी के स्वामित्व की लड़ाई हुई तेज, आजाद को लेकर रार

स्पेशल डेस्क
लखनऊ। भीम आर्मी के स्वामित्व को लेकर खींचातान तेज हो गई है। इसकी स्वामित्व की लड़ाई में तब नया मोड आ गया जब विजय कुमार आजाद और भीम आर्मी के राष्ट्रीय महासचिव कमल वालिया दोनों एक दूसरे के सामने आ गए। कमल वालिया ने विजय कुमार आजाद और उनके साथियों के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उन्हें बीजेपी एजेंट करार दिया है। इस तरह से देखा जाये तो भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर व दूसरे विजय कुमार आजाद के बीच जुब़ानी जंग भी तेज हो गई है।

विजय कुमार आजाद ने भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर आजाद व अन्य सदस्यों को पांच दिन का समय दिया है, जिससे वह अपनी बात रख सके। उन्होंने कहा कि इस दौरान भीम आर्मी एकता मिशन के नाम से कोई भी गलत कार्य किया तो इन लोगों के खिलाफ 25 लाख रुपये का मानहानी का दावा ठोकेंगे।
उधर विजय कुमार आजाद पर कमल वालिया ने पलट वार करते हुए कहा है कि भीम आर्मी को चंद्रशेखर आजाद चलाते हैं। उन्होंने कहा कि ये लोग भीम आर्मी में राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्यता चाहते थे लेकिन नहीं मिली तो ऐसा करने लगे हैं। उन्होंने कहा कि उनका संगठन आरएसएस व बजरंग दल जैसे संगठनों की तरह चलता है।
इसलिए इसका रजिस्ट्रेशन नहीं कराना संभव नहीं है। कमल वालिया ने इस मौके पर कहा कि भीम आर्मी से बीजेपी सरकार डर रही है जबकि इसे चंद्रशेखर चला रहे हैं और आगे भी वहीं चलायेंगे।



