मनोहर पर्रिकर के बेटे ने क्यों कहा-यह उनके पिताजी का रास्ता नहीं

न्यूज डेस्क

कर्नाटक में सियासी घमासान के बीच गोवा में 10 कांग्रेस विधायकों ने बीजेपी में शामिल हो गए। यह बीजेपी के लिए बड़ी उपलब्धि है लेकिन गोवा की राजनीति में बड़ा नाम पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर के बेटे उत्पल पर्रिकर को यह रास्ता सही नहीं लगा। उन्होंने स्पष्टï शब्दों में कहा कि- यह उनके पिताजी का रास्ता नहीं था।

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गोवा की राजनीति बदल चुकी है। जब तक पूर्व मुख्यमंत्री व बीजेपी नेता स्व. मनोहर पर्रिकर जिंदा थे, वहां बीजेपी उनके हिसाब से चली। जब तक वह सत्ता में रहे कोई जोड़-तोड़ की राजनीति नहीं हुई लेकिन उनकी मृत्यु के दूसरे ही दिन बीजेपी ने जोड़-तोड़ कर सरकार बना ली।

बुधवार को गोवा में विधानसभा में विपक्ष के नेता चंद्रकांत कावलेकर के नेतृत्व में 10 कांग्रेस विधायक सत्तारूढ़ भाजपा में शामिल हो गए। 40 सदस्यीय सदन में अब भगवा पार्टी के विधायकों की संख्या 27 पर पहुंच गई है।

इस पर गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत मनोहर पर्रिकर के बेटे उत्पल पर्रिकर ने कहा, ‘मेरे पिताजी ने जो रास्ता चुना था, निश्चित तौर यह उससे अलग है। 17 मार्च को जब मेरे पिता का निधन हुआ, उसी दिन मुझे पता लग गया था कि उनका चुना हुआ रास्ता खत्म हो गया, लेकिन गोवा को इसके बारे में कल सीख मिली।’

गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत कांग्रेस के दस विधायकों के साथ आज नई दिल्ली में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह से मुलाकात करेंगे।

सावंत ने बातचीत में बताया कि शाह और पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष जे पी नड्डा समेत वरिष्ठ भाजपा नेताओं के साथ बैठक के बाद ही राज्य में गठबंधन सहयोगियों से किसी मंत्री को हटाने पर फैसला लिया जाएगा। सावंत ने बताया कि वह भाजपा में शामिल हुए 10 विधायकों के साथ बुधवार की रात को दिल्ली पहुंचे।

तटीय राज्य में 2017 के विधानसभा चुनाव के बाद सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी कांग्रेस के विधायकों की संख्या अब पांच तक सिमट गई है।

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