जुबिली न्यूज डेस्क
नई दिल्ली: नए साल की पूर्व संध्या पर गिग वर्कर्स और प्लेटफॉर्म वर्कर्स के बेहतर वेतन और काम की स्थिति को लेकर हड़ताल की खबरों के बीच, केंद्र सरकार ने नए नियमों का मसौदा जारी किया है। केन्द्रीय श्रम मंत्रालय की ओर से जारी प्रस्तावित मसौदे के मुताबिक, गिग वर्कर्स अब सामाजिक सुरक्षा लाभ पाने के लिए न्यूनतम काम की अवधि पूरी करना अनिवार्य होगा।

न्यूनतम काम की अवधि का फॉर्मूला
ड्राफ्ट नियमों के अनुसार:
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एक एग्रीगेटर के साथ 90 दिन या
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कई एग्रीगेटर के साथ कुल 120 दिन
काम करना जरूरी होगा। यह दिन किसी भी कैलेंडर दिन में किए गए काम की आधार पर गिने जाएंगे, चाहे उस दिन कितनी भी कम आय प्राप्त हुई हो।
डिजिटल पहचान पत्र जारी होंगे
सरकार असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण अनिवार्य करेगी। पंजीकृत श्रमिकों को डिजिटल पहचान पत्र जारी किया जाएगा, जिसमें उनकी तस्वीर और केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित अन्य विवरण दर्ज होंगे।यह पहचान पत्र श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए इस्तेमाल किया जाएगा।
एंगेजमेंट डे का नियम
मसौदे के मुताबिक:
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किसी भी दिन किसी एग्रीगेटर के लिए काम किया तो उसे एक एंगेजमेंट डे माना जाएगा।
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एक ही दिन में कई एग्रीगेटर के लिए काम करने पर सभी एंगेजमेंट को जोड़ा जाएगा।
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यदि कोई वर्कर एक ही दिन में तीन अलग-अलग एग्रीगेटर के लिए काम करता है, तो वह तीन दिन की सहभागिता में गिना जाएगा।
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पात्र गिग वर्कर्स में वे सभी शामिल होंगे, जिन्हें सीधे या सहयोगी कंपनियों, होल्डिंग कंपनी, सब्सिडियरी, LLP या तीसरे पक्ष के माध्यम से काम पर लगाया गया हो।
अपडेट करना अनिवार्य
पात्र श्रमिकों को समय-समय पर अपना पता, पेशा, मोबाइल नंबर, कौशल और अन्य जरूरी जानकारी अपडेट करनी होगी। यदि यह जानकारी नियमित रूप से अपडेट नहीं की गई, तो उन्हें सामाजिक सुरक्षा लाभों के लिए अयोग्य घोषित किया जा सकता है।
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राजनीतिक और श्रमिक प्रतिक्रिया
नोटिफिकेशन नए साल की पूर्व संध्या पर 30 दिसंबर को जारी किया गया था, जो गिग वर्कर्स की हड़ताल के एक दिन पहले आया। श्रमिक संगठनों ने इसे लेकर मिश्रित प्रतिक्रिया दी है।
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