प्यारभरी कवितायेँ
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लिट्फेस्ट
फूल भला क्यों प्रेम करेगा कौन गायेगा कोयल…!
फूल भला क्यों प्रेम करेगा कौन गायेगा कोयल राग उपवन मे जब पतझर होगा, कहां पियेगा भ्रमर पराग। वासना से…
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लिट्फेस्ट
कलाई मे कंगन झिलमिला जाने दोधुली चांदनी को खिलखिला…!
कलाई मे कंगन झिलमिला जाने दो धुली चांदनी को खिलखिला जाने दो गीत रोता रहा मरमरी सांझ में दम सिसकता…
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लिट्फेस्ट
तुम बदले हम नहीं बदले,न बदला ये…!
तुम बदले हम नहीं बदले, न बदला ये संसार, वचन निभाना मुझको आता, वचन दिया उपहार। आंधी अंधड़ अक्सर आते,…
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