इसलिए इन राज्यों में केंद्र ने भेजी विशेष टीमें

जुबिली स्पेशल डेस्क
देश में कोरोना की तीसरी लहर का खतर अब भी बना हुआ है। दरअसल इसकी वजह ओमिक्रॉन। देश में कोरोना के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन के बढ़ते मामलों के बीच देश कई प्रदेशो में एक बार फिर नाइट कर्फ्यू का दौर लौट आया है।
भारत में शनिवार तक कोरोना वायरस के ओमिक्रॉन स्वरूप के कुल 415 मामले सामने आ चुके हैं जिनमें से 115 लोग स्वस्थ हो चुके हैं या बाहर चले गए हैं। उधर केंद्र सरकार ने ओमिक्रॉन के बढ़ते खतरे के बीच बड़ा कदम उठाया है।
केंद्र सरकार ने अब कम टीकाकरण वाले उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड सहित दस राज्यों में विशेष टीमें भेजी हैं। ये टीमें राज्यों के स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ बैठक कर टीकाकरण रफ्तार लाने पर जोर देगी।

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इसके आलावा कोरोना प्रोटोकाल का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित कराने तथा जांच आदि तेज करने को लेकर रणनीति तैयार करेंगी। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया है कि टीकाकरण की रफ्तार धीमी बनी हुई है।
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उनमें केरल, महाराष्ट्र, तमिलनाडु,पश्चिम बंगाल, मिजोरम, कर्नाटक, बिहार, उत्तर प्रदेश, झारखंड और पंजाब शामिल हैं। इस वजह से विशेष टीमें भेजी गई है ताकि टीकाकरण को रफ्तार दिया जा सके।
दूसरी ओर लोगों में एक बार फिर दहशत का माहौल है और तीसरी लहर का खतरा देश में बढ़ता जा रहा है। विशेषज्ञों ने इसी तरह की ओर इशारा किया है। इसकी खास वजह यह भी है कि मुंबई और दिल्ली में एक बार फिर कोरोना ने तेजी पकड़ ली है और इस वजह से तीसरी लहर का खतरा मंडराता नजर आ रहा है।



