अश्व क्षेत्र का कायाकल्प: महाराष्ट्र सरकार और ‘द इक्वाइन कलेक्टिव’ के बीच होगा ऐतिहासिक करार

पुणे | महाराष्ट्र में घोड़ों के पालन, संरक्षण और इससे जुड़े खेलों को बढ़ावा देने के लिए एक नए युग की शुरुआत होने जा रही है। राज्य की पशुपालन एवं डेयरी विकास मंत्री पंकजा मुंडे ने घोषणा की है कि सरकार अश्व क्षेत्र के इकोसिस्टम को मजबूती देने के लिए विभिन्न संस्थाओं और विश्वविद्यालयों के साथ ‘सहमति पत्र’ (MoU) पर हस्ताक्षर करेगी।
यह घोषणा एमआईटी वर्ल्ड पीस यूनिवर्सिटी (MIT-WPU) में आयोजित ‘द इक्वेस्ट्रियन फोरम 2026’ के उद्घाटन सत्र के दौरान की गई।
प्रमुख बिंदु: ग्रामीण विकास और रोजगार पर जोर
मंत्री पंकजा मुंडे ने इस क्षेत्र को केवल मनोरंजन या खेल से ऊपर बताते हुए इसके आर्थिक पहलुओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा:
- सामूहिक दृष्टिकोण: अश्व क्षेत्र ग्रामीण विकास, पर्यावरण और रोजगार सृजन का एक बड़ा स्रोत बन सकता है।
- बदलाव की शक्ति: नए विचारों को अपनाकर इस क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव लाए जा सकते हैं।
$300 बिलियन का वैश्विक बाजार, लेकिन भारत में असंगठित
‘द इक्वाइन कलेक्टिव’ की संस्थापिका गायत्री कराड ने वैश्विक आंकड़ों के साथ अपनी बात रखी। उन्होंने बताया कि:
- वैश्विक प्रभाव: दुनिया भर में अश्व क्षेत्र का इकोसिस्टम $300 बिलियन का है।
- चुनौती: भारत में यह क्षेत्र अब भी काफी हद तक असंगठित है और यहाँ औपचारिक प्रशिक्षण (Formal Training) का अभाव है।
- समाधान: यह फोरम कौशल विकास और प्रमाणन (Certification) के माध्यम से युवाओं के लिए दीर्घकालिक करियर के अवसर तैयार करेगा।
अश्व पर्यटन और पशु चिकित्सा पर फोकस
राज्य के विपणन एवं शिष्टाचार मंत्री जयकुमार रावल ने अश्व विरासत को सहेजने के साथ-साथ इसके आधुनिकीकरण की आवश्यकता बताई। उन्होंने अश्व पर्यटन (Equine Tourism) और उन्नत पशु चिकित्सा को भविष्य का मुख्य आधार बताया।
वहीं, डॉ. राहुल कराड ने शिक्षा, खेल विज्ञान और सरकारी नीतियों के बीच समन्वय को इस मिशन की सफलता के लिए अनिवार्य बताया।
श्वेत पत्र (White Paper) तय करेगा भविष्य का रोडमैप
इस फोरम के दौरान वरिष्ठ पत्रकार सायरस मदन के संचालन में नीति और प्रशासन पर विस्तृत चर्चा हुई। इस मंथन से निकले निष्कर्षों के आधार पर ‘द इक्वाइन कलेक्टिव’ जल्द ही एक ‘श्वेत पत्र’ जारी करेगा। यह दस्तावेज सरकार और निजी संस्थाओं के लिए एक रणनीतिक गाइड के रूप में कार्य करेगा।



