वोट कटे तो सियासत भड़की: UP में SIR ने छेड़ी सपा बनाम भाजपा की बड़ी लड़ाई

जुबिली न्यूज डेस्क
उत्तर प्रदेश में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की प्रक्रिया के दौरान 2.89 करोड़ वोट कटने के नए आंकड़े सामने आने के बाद सियासी माहौल गरमा गया है। इस मुद्दे पर अब समाजवादी पार्टी (सपा) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बीच वोटों को लेकर सीधी जंग छिड़ती नजर आ रही है।

जहां एक ओर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पीडीए प्रहरी को सक्रिय करते हुए हर एक वोट बचाने का आह्वान किया है, वहीं दूसरी ओर भाजपा ने हर बूथ पर वोट बढ़ाने का बड़ा मिशन शुरू कर दिया है।
SIR के आंकड़ों से भाजपा सतर्क
यूपी में SIR के नए आंकड़े सामने आने के बाद भाजपा पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने पार्टी के जनप्रतिनिधियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे बूथवार वोट बढ़ाने पर काम करें।
नए नियम के मुताबिक:
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हर बूथ पर अधिकतम 1200 मतदाता ही रह सकते हैं
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राज्य में कुल 1,77,516 बूथ हैं
भाजपा नेतृत्व के कड़े निर्देश
भाजपा शीर्ष नेतृत्व ने सभी जनप्रतिनिधियों को हर बूथ पर 100 से 200 नए वोट जोड़ने का टारगेट दिया है।
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अगले एक महीने तक विशेष अभियान
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जनप्रतिनिधियों के साथ क्षेत्रीय अध्यक्ष और जिला अध्यक्ष भी लगाए गए
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मतदाता सूची में नाम जुड़वाने और कटे नाम वापस जोड़ने पर फोकस
भाजपा इसे आने वाले चुनावों से पहले बूथ मैनेजमेंट का सबसे अहम मिशन मान रही है।
अखिलेश यादव का ‘पीडीए प्रहरी’ अलर्ट
SIR के आंकड़े आने के बाद सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव भी फुल एक्शन मोड में आ गए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर मतदाताओं और पीडीए प्रहरी के नाम लंबा संदेश जारी किया।
अखिलेश यादव ने लिखा—“हर मतदाता और हर एक ‘पीडीए प्रहरी’ से अपील है कि पीडीए समाज के वोटों को काटने की किसी भी साज़िश को कामयाब न होने दें।”
उन्होंने कहा कि पीडीए प्रहरी के प्रयासों के बावजूद पीडीए समाज के करोड़ों वोट कट चुके हैं और अब हर बूथ पर गहन जांच जरूरी है।
“एक भी वोट न कटने पाए” का नारा
अखिलेश यादव ने साफ शब्दों में कहा—“अब हर बूथ पर जांच होगी। ‘एक भी वोट न कटने पाए, एक भी वोट न घटने पाए’ के नारे के साथ फिर से जुटना होगा।”
उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि वे हर मतदाता को समझाएं कि वोटर लिस्ट में नाम होना नागरिक होने की सबसे बड़ी पहचान है।
वोट कटने से नागरिकता पर खतरे की चेतावनी
कन्नौज सांसद अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए लिखा कि अगर वोटर लिस्ट से नाम कट गया तो भविष्य में उसे आधार बनाकर—
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राशन कार्ड
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सरकारी योजनाएं
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जाति प्रमाणपत्र
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नौकरी और आरक्षण
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बैंक खाते, बीमा, पैन कार्ड
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आयुष्मान कार्ड
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जमीन, घर, खेत
जैसे अधिकारों से भी वंचित किया जा सकता है।
उन्होंने चेतावनी दी कि भाजपा सरकार “काला कानून” लाकर लोगों को अपने ही देश में बाहरी साबित कर सकती है।
“वोटर आईडी ही नागरिक आईडी है”
अखिलेश यादव ने लिखा—“समझ लीजिए, वोटर लिस्ट में आपका नाम होना ही आपके नागरिक होने की निशानी है। वोटर आईडी को ही अपना नागरिक आईडी मानिए।”उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सत्ता में बने रहने के लिए वोट कटवाने की किसी भी हद तक जा सकती है।
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संविधान और अधिकार बचाने की अपील
सपा अध्यक्ष ने कहा कि“अपना वोट बचाने का मतलब अपना संविधान, आरक्षण और नौकरी बचाना है।”उन्होंने पीडीए समाज से अपील की कि अगर आज वोट का अधिकार छिन गया तो आने वाले समय में सबसे ज्यादा उत्पीड़न गरीब, शोषित और वंचित वर्गों का होगा।
उत्तर प्रदेश में SIR के तहत करोड़ों वोट कटने के बाद सियासत पूरी तरह गरमा चुकी है।
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भाजपा वोट बढ़ाने के मिशन में जुटी है
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सपा वोट बचाने की मुहिम में उतरी है
आने वाले दिनों में यह लड़ाई सिर्फ चुनाव की नहीं, बल्कि मतदाता सूची और नागरिक अधिकारों की सबसे बड़ी राजनीतिक जंग बनती दिख रही है।



