आखिर दद्दा को कब मिलेगा भारत रत्न ?

देश में अगले कुछ महीनों बाद लोकसभा चुनाव होने वाला है। चुनाव आयोग किसी भी दिन लोकसभा चुनाव की डेट का ऐलान कर सकती है। ऐसे में राजनीति दलों ने कमर कस ली।

लोकसभा चुनाव से ठीक पहले मोदी सरकार भारत रत्न देने का ऐलान कर रही है। उसने एक नहीं बल्कि पांच लोगों को भारत रत्न देने का ऐलान किया है। इसमें कर्पूरी ठाकुर, आडवाणी के बाद अब स्वामीनाथन, चौधरी चरण सिंह और नरसिम्हा राव  का नाम शामिल है।

अभी हाल में उनके पुत्र  अशोक ध्यानचंद ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि पीड़ा यह है कि जिनके नाम पर पुरस्कार बांटा जा रहा है, उन्हें ही देश के सबसे बड़े सम्मान भारत रत्न से महरूम रखा गया है। उन्होंने यहां तक कहा था कि दद्दा को भारत रत्न क्यों नहीं दिया गया, इसकी कोई एक वजह भी कोई बताने को तैयार नहीं है।

उनके नाम पर देश में कई हॉकी स्टेडियम है। हॉकी के जादूगर कहे जाने वाले ध्यानचंद कोई मामूली शख्सियत नहीं है। लगातार तीन ओलंपिक (1928 एम्सटर्डम, 1932 लॉस एंजेलिस और 1936 बर्लिन) में भारत को हॉकी का स्वर्ण पदक दिलाने वाले ध्यानचंद की उपलब्धियों पर अगर गौर करेंगे तो आप भी गौरवान्वित महसूस करेंगे।

हर साल उनके जन्मदिन पर सरकार बड़ी-बड़ी घोषणा करती है। इतना ही नहीं मेजर ध्यानचंद को 1956 में देश के तीसरे दर्जे का सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म भूषण तो दिया गया, लेकिन सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न के लिए उनके नाम पर विचार तो करती है लेकिन देने से हर बार मना कर देती है।

जब लग रहा था कि उनको ये सम्मान मिल जायेगा लेकिन उनकी जगह सचिन तेंदुलकर को साल 2014 भारत रत्न से सम्मानित कर दिया गया और ध्यानचंद आज भी अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं।

Related Articles

Back to top button