वहशी पति ने पत्नी को कतरा, पांच के खिलाफ हत्या का केस

के पी सिंह

उरई : वहशी पति ने रात में पत्नी को कतर डाला और फरार हो गया। पत्नी सात साल से मायके में रह रही थी। लेकिन हाल ही में जेठ की मौत की खबर मिलने पर मातम-पुरसी के लिए वह ससुराल आई जो उस पर भारी पड़ गया। मृतका के भाई ने पति सहित पांच ससुरालियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है।

नशेबाजी में खूंखार बन गया था पति

मृतका सुनीता (36वर्ष) की माधौगढ़ के हरौली निवासी किशुन स्वरूप से शादी को 19 वर्ष हो गये थे। किशुन शुरू से ही नशेबाज होने के कारण खूंखार की हद तक उदद्ंड है। फिर भी सुनीता उसके जुल्म को झेल रही थी।

लेकिन सात साल पहले उसने सुनीता की इतनी अमानुषिक पिटाई की कि वह बच्चों को लेकर अपने मायके एट के बिरासनी गांव में जाकर रहने लगी। सुनीता के दो बेटे और एक बेटी है। उसे टोल बैरियर पर नौकरी मिल गई थी जिससे वह बच्चों का खर्चा उठा रही थी।

जेठ की मौत पर मातम-पुरसी के बहाने खींच लाई मौत

गत 28 अक्टूबर को उसके जेठ की मौत हो गई। उसे खबर मिली तो मानवता के नाते अंतिम संस्कार के पहले वह ससुराल चली आई। हालांकि इसके बाद वह फिर बिरासनी चली गई थी। 30 को हरौली में शुद्धता थी। इसलिए वह एक बार फिर हरौली आ गई। उसे अंदाज नही था कि शोक के दिनों में भी उसका पति कोई अनहोनी कर सकता है।

गत रात किशुन ने शराब पी और उसके बाद वह आपे से बाहर हो गया। इसी दौरान वह सुनीता को धारदार हथियार से काटकर भाग निकला। सुबह लोगों ने जब उसका लहूलुहान शव देखा तो घटना का पता चला।

पति के साथ जेठ-जेठानी और भतीजों पर भी मुकदमा

थाना दिवस पर आये अपर पुलिस अधीक्षक डा. अवधेश कुमार सिंह ने अपने काउंटर पार्ट अपर जिलाधिकारी प्रमिल कुमार सिंह के साथ मौका मुआयना किया। फोरेसिंक टीम ने भी मौके पर साक्ष्य संकलित किये।

माधौगढ़ के सीओ राहुल पाण्डेय ने बताया कि घटना को लेकर मृतका के भाई अरविंद प्रजापति ने किशुन उसके बड़े भाई कृपाराम, जेठानी चंद्रावती और भतीजों भानु व मोहित के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है। पांचों आरोपित फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए तीन टीमें गठित कर दी गई हैं।

Related Articles

Back to top button