तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में फर्जी वोटिंग का आरोप, 10 विदेशी नागरिक गिरफ्तार

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के दौरान कथित धांधली का मामला सामने आया है। अधिकारियों के मुताबिक, चुनाव आयोग ने 23 अप्रैल को हुए चुनाव में विदेशी नागरिकों द्वारा धोखे से मतदान किए जाने के आरोपों की जांच के आदेश दे दिए हैं।
यह कार्रवाई पुलिस की एक रिपोर्ट के आधार पर की गई है, जिसमें दावा किया गया है कि कुछ विदेशी नागरिकों की उंगलियों पर मतदान के बाद लगाई जाने वाली अमिट स्याही पाई गई।
कैसे खुला मामला?
जानकारी के अनुसार, चेन्नई और मदुरै एयरपोर्ट पर कुछ विदेशी यात्रियों को रोका गया, जब अधिकारियों ने उनकी तर्जनी उंगलियों पर मतदान वाली स्याही देखी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई और जांच शुरू हुई।
पुलिस ने इस मामले में अब तक 10 विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है।
किन देशों के नागरिक हैं आरोपी?
पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए नागरिक श्रीलंका, ब्रिटेन और कनाडा से जुड़े हैं। अधिकारियों के अनुसार, इन लोगों ने कथित तौर पर फर्जी भारतीय पहचान पत्रों के जरिए मतदान किया।
फर्जी दस्तावेज और जांच
पुलिस अधिकारी के मुताबिक, आरोपियों ने वोट डालने के लिए जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। जब वे देश से बाहर जाने की कोशिश कर रहे थे, तभी उनकी उंगलियों पर लगी स्याही देखकर शक हुआ और मामला सामने आ गया।
मामले में सेंट्रल क्राइम ब्रांच ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
चुनाव आयोग ने दिए जांच के आदेश
चुनाव आयोग ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए विस्तृत जांच के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों के मुताबिक, नियमों के अनुसार केवल वही व्यक्ति वोट डाल सकता है जो भारतीय नागरिक हो और जिसने किसी अन्य देश की नागरिकता न ली हो।
क्या NRI वोट डाल सकते हैं?
अधिकारियों ने बताया कि अनिवासी भारतीय (NRI) ‘जन प्रतिनिधित्व अधिनियम’ की धारा 20A के तहत मतदान के लिए पंजीकरण करा सकते हैं, लेकिन उन्हें मतदान केंद्र पर अपना मूल भारतीय पासपोर्ट दिखाना अनिवार्य होता है।



