रोहिंग्या–बांग्लादेशी घुसपैठियों पर योगी सरकार सख्त, सीएम ने प्रदेशवासियों मांगा सहयोग

जुबिली न्यूज डेस्क 

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में रह रहे रोहिंग्या और बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। इसी संबंध में सीएम योगी ने सोमवार को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर ‘योगी की पाती’ शीर्षक से प्रदेशवासियों के नाम एक विस्तृत संदेश जारी किया है। उन्होंने स्पष्ट कहा—“घुसपैठियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”

सुरक्षा और सामाजिक संतुलन सर्वोच्च प्राथमिकता

सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश की सुरक्षा, सामाजिक संतुलन और सुदृढ़ कानून-व्यवस्था उनकी सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है। उन्होंने लिखा— “प्रदेश में अवैध रूप से रह रहे रोहिंग्या एवं बांग्लादेशी घुसपैठियों के विरुद्ध सख्त और निर्णायक कार्रवाई प्रारम्भ की गई है। मैं प्रदेश की जागरूक जनता से अपील करता हूं कि किसी को भी नौकरी देने से पहले उसकी पहचान अवश्य सत्यापित करें।”

सीएम योगी ने सुप्रीम कोर्ट की उस टिप्पणी का भी उल्लेख किया जिसमें कहा गया था कि “घुसपैठियों के लिए लाल कालीन नहीं बिछाया जा सकता”, और इसके आधार पर उन्होंने कहा कि घुसपैठियों को किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के संसाधनों पर केवल नागरिकों का अधिकार है, बाहरी घुसपैठियों का नहीं।

प्रदेश में बड़े स्तर पर अभियान शुरू

योगी सरकार ने सभी नगरीय निकायों को निर्देश दिया है कि:

  • संदिग्ध विदेशी नागरिकों की पहचान करें

  • उनकी विस्तृत सूची तैयार करें

  • दस्तावेज़ सत्यापन का विशेष अभियान चलाएं

मुख्यमंत्री ने बताया कि पहचाने गए घुसपैठियों को डिटेंशन सेंटरों में भेजा जा रहा है, ताकि उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा सके। इसके लिए हर मंडल में डिटेंशन सेंटर तैयार किए जा रहे हैं।

सार्वजनिक संसाधनों पर अनाधिकृत बोझ हटाना जरूरी: सीएम

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ केवल उन लोगों को मिलना चाहिए, जो इसके हकदार हैं।
उन्होंने कहा— “योजनाओं के लाभ को बांटा नहीं जा सकता। सार्वजनिक संसाधनों पर अनाधिकृत बोझ की सफाई आवश्यक है।”

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योगी ने की जनता से दोबारा अपील

सीएम ने प्रदेशवासियों से सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा कि:

  • किसी भी व्यक्ति को नौकरी देने से पहले उसकी पहचान की पुष्टि करें

  • सुरक्षा सुनिश्चित करने में प्रशासन का सहयोग करें

  • संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत सूचना दें

अंत में उन्होंने कहा—“प्रदेश की सुरक्षा सामूहिक जिम्मेदारी है, क्योंकि सुरक्षा ही समृद्धि का आधार है।”

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