आजम लौटे पुराने तेवर में! सपा में फूंकी नई जान

जुबिली स्पेशल डेस्क
लखनऊ। लंबे समय तक अपनी बीमारी की वजह से सार्वजनिक कार्यक्रमों से दूरी बनाने वाले सपा के बड़े नेताओं में शुमार आजम खान एक बार फिर पुराने तेवर लौटते हुए नजर आ रहे हैं। दरअसल निकाय चुनाव को लेकर आमज खान भी अब सक्रिय हो गए है और निकाय चुनाव प्रचार में हिस्सा लेते हुए नजर आ रहे हैं।
उन्होंने शुक्रवार को रामपुर नगरपालिका के अध्यक्ष पद की पार्टी उम्मीदवार फातिमा जबी के पक्ष में प्रचार किया और इस दौरान उन्होंने मौजूदा सरकार पर जमकर हमला बोला है।
आजम खान ने कहा कि जो लोग आज कह रहे हैं संविदा की नगर पालिका है। पूरा देश आज संविदा पर है, लाल किला बिक गया, एयरपोर्ट बिक गए, पोर्ट बिक गए, रेलवे बिक गया, बचा ही क्या है? सिर्फ फौज रह गई है. वह हुकूमत ए हिंद के पास है, वह रहनी चाहिए।
हमारी फौज और सरकारी फौज दो अलग चीजें है। हमारी फौज आपकी है और हमने इस फौज को हर मुहाने पर लड़ाकर देखा है और फतेह हासिल की है।

‘अतीक अहमद हत्याकांड की तरफ इशारा करते हुए आजम खान ने कहा, ‘आप क्या चाहते हो मुझसे और मेरी औलाद से? चाहते हो कोई कनपटी पर आए और गोली चला कर चला जाए? बस इतना ही तो रह गया है।
बचा लो आज भी निजामे हिंद को, कानून को बचा लो, कुछ नहीं देना है आपको, सिर्फ अपने आप को हौसला देना है। जहां रोके वहीं बैठ जाओ आगे बढ़ेंगे वापस नहीं जाएंगे, वोट डालेंगे. हमारा पैदाइशी हक है, जिसे हमसे दो बार छीना गया है अगर तीसरी बार छीना गया तो जान लेना सांस लेने का हक भी बाकी नहीं रह पाएगा। ‘
आजम खान ने अपनी स्पीच के दौरान कहा, ‘रामपुर वालों 150 करोड़ के हिंदुस्तान में तुम्हारी रामपुर की सीट का जिक्र हिंदुस्तान के वजीर-ए-आजम ने किया है। तुम्हारी यह हैसियत है।
कितना डरते हैं तुमसे, कितना खौफ है और यह खौफ किसी जाति का नहीं है, ना मेरे वजीर होने का, ना ही मेरे एमपी एमएलए होने का, बल्कि यह खौफ है तुम्हारे और हमारे इत्तेहाथ का और हमारे बीच के एतमाद का। क्या हुआ विधानसभा के सदस्य रहें या ना रहें. एक शख्स जो नौजवानी की मंजिलें भी नहीं चढ़ सका, उसकी दो बार विधायकी खत्म कर दी गई मेरा और अब्दुल्ला का वोट देने का अधिकार भी खत्म हो गया।’



