अलविदा तरुण गोगोई

जुबिली स्पेशल डेस्क

गुवाहाटी। असम के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता तरुण गोगोई का सोमवार को निधन हो गया। जानकारी के मुताबिक तरुण गोगोई कोरोना से संक्रमित थे।

पिछले कई दिनों से इस बीमारी से लड़ रहे थे लेकिन सोमवार को 86 उम्र में उनका निधन हो गया है। स्वास्थ्य मंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने पूर्व मुख्यमंत्री के निधन की खबर की पुष्टि।

शर्मा ने कहा कि गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल(जीएमसीएच) के चिकित्सकों ने आज शाम पांच बजकर 34 मिनट पर श्री गोगोई के निधन की जानकारी दी।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने तरुण गोगोई को श्रद्धांजलि देते हुए कहा है कि गोगोई के निधन की खबर सुनकर बहुत दुख हुआ। राष्ट्रपति ने ट्वीट कर कहा कि- असम के पूर्व मुख्यमंत्री श्री तरुण गोगोई के निधन की खबर सुनकर बहुत दुख हुआ। देश ने समर्द्ध राजनीतिक और प्रशासनिक अनुभव वाले एक अनुभवी नेता को खो दिया है। कार्यालय में उनका लंबा कार्यकाल असम में युगांतरकारी परिवर्तन का काल था।

गोगोई के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने भी ट्वीट कर श्रद्धांजलि दी है. पीएम मोदी ने ट्वीट किया कि- श्री तरुण गोगोई जी लोकप्रिय नेता और वरिष्ठ प्रशासक थे, जिनका असम के साथ-साथ केंद्र में भी सालों का राजनीतिक अनुभव था। उनके निधन से दुखी हूं. इस दुख की घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिवार और समर्थकों के साथ हैं. ओम शांति।

वहीं पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने ट्वीट किया है कि- “तरुण गोगोई सच्चे कांग्रेसी नेता थे. उन्होंने असम में सभी लोगों और समुदायों को एक साथ लाने के लिए अपना पूरा जीवन न्योछावर कर दिया। मेरे लिए वह एक महान और कुशल शिक्षक थे। मैं उन्हें तहे दिल से प्यार और उनका सम्मान करता था. मैं उन्हें याद करूंगा। गौरव और परिवार को मेरा प्यार और संवेदनाएं।”

गोगोई का जीएमसीएच के गहन चिकित्सा कक्ष में एक नवंबर से उपचार चल रहा था। वह 21 नवंबर से वेंटिलेटर पर थे। जीएमसीएच के विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के विशेषज्ञों के साथ सम्पर्क करके उनकी सेहत की निगरानी कर रही थी। गोगोई अगस्त से तीन बार जीएमसीएच में भर्ती हो चुके थे।

राज्य के तीन बार मुख्यमंत्री रह चुके गोगोई 25 अगस्त को कोरोना पॉजिटिव पाये गये थे। इसके बाद उन्हें जीएमसीएच में भर्ती कराया गया था। बीस दिनों तक उपचार चलने के बाद उन्हें घर भेज दिया गया था।

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गोगोई को ऑक्सीजन स्तर कम होने के कारण 24 सितंबर को फिर से अस्पताल में भर्ती कराया गया और अक्टूबर के आखिरी सप्ताह में उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गयी थी। पूर्व मुख्यमंत्री को एक बार फिर एक नवंबर को इसी अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां आज निधन हो गया।

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