भोपाल: ट्विशा शर्मा मौत मामले में पूर्व जज सास गिरिबाला सिंह का बड़ा बयान, कहा-“हमारा जज होना क्या गुनाह है?”

बहुचर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में ससुराल पक्ष पर हत्या के गंभीर आरोपों के बीच, सोमवार (18 मई) को आरोपी पति समर्थ सिंह की मां और पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। इस दौरान वह काफी भावुक नजर आईं और रोते हुए उन्होंने अपनी बहू ट्विशा और उसके परिवार पर कई गंभीर आरोप लगाए।

बता दें कि कोर्ट से अग्रिम जमानत मिलने के बाद गिरिबाला सिंह पहली बार मीडिया के सामने आई थीं, जबकि उनका बेटा समर्थ सिंह घटना के बाद से ही फरार है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पूर्व जज गिरिबाला सिंह ने कहा कि ट्विशा और उनके परिवार के परिवेश में काफी अंतर था। उन्होंने कहा:

  • पसंद की शादी: “बेटे समर्थ और बहू ट्विशा ने एक-दूसरे को पसंद किया था, इसलिए हम दोनों परिवार एक हुए। शादी से पहले जब वह हमारे घर आई थी, तो हमें थोड़ा अटपटा लगा था। लेकिन हमें उम्मीद थी कि एक संस्कारी लड़की हमारे घर आ रही है।”
  • एक्टिंग का आरोप: गिरिबाला सिंह ने आरोप लगाया कि शादी के बाद उन्हें एहसास हुआ कि ट्विशा वैसी नहीं थी जैसी दिखती थी। उसका पूजा-पाठ करना और संस्कारी दिखना महज एक एक्टिंग की तरह था।

बहू की मौत पर दुख जताते हुए पूर्व जज ने कहा कि एक बहू और बेटी दोनों बराबर होती हैं। ट्विशा का जाना उनके लिए एक बुरे सपने (नाईटमेयर) जैसा है। इसके साथ ही उन्होंने ट्विशा की पर्सनल लाइफ को लेकर भी कई दावे किए:

  • ग्लैमर वर्ल्ड और मानसिक तनाव: गिरिबाला सिंह के अनुसार, ट्विशा को बहुत कम उम्र में ग्लैमर वर्ल्ड (चकाचौंध की दुनिया) में पुश कर दिया गया था। वह पिछले 5 महीनों में 5 बार दिल्ली गई थी और जब भी लौटती थी, तो काफी बदली हुई नजर आती थी।
  • इलाज का दावा: उन्होंने दावा किया कि ट्विशा का साइकाइट्रिक ट्रीटमेंट (मानसिक इलाज) और काउंसिलिंग सेशन चल रहा था। साथ ही, उसने अपनी मर्जी से अबॉर्शन (गर्भपात) कराया था।

गिरिबाला सिंह ने ट्विशा के पिता पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी पर्सनैलिटी ठीक नहीं है और वह काफी अजीब हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ट्विशा अपने माता-पिता के लिए आय का साधन (कमाई का जरिया) थी, शायद इसलिए बेटी के जाने के बाद उनके अंदर इतना गुस्सा है।

उन्होंने खुद के बचाव में तर्क देते हुए कहा, “अगर लड़की फांसी पर झूल जाती है और लड़के नहीं झूल पाते, तो क्या लड़के वाले आरोपी हो जाते हैं? मेरे पति देश के लिए शहीद हुए हैं। एक शहीद की पत्नी को लोग सम्मान तक नहीं दे पा रहे हैं। सामान्य आदमी को आसानी से बेल मिल जाती है, हमारा जज होना क्या गुनाह है?”

इस हाई-प्रोफाइल मामले में जहाँ पूर्व जज सास गिरिबाला सिंह को कोर्ट से अग्रिम जमानत मिल चुकी है, वहीं सोमवार (18 मई) को जिला अदालत ने मुख्य आरोपी पति समर्थ सिंह की अग्रिम जमानत याचिका को सिरे से खारिज कर दिया है। ट्विशा की मौत के बाद से ही समर्थ लगातार फरार चल रहा है और पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा है।

Related Articles

Back to top button