ईरान-अमेरिका तनाव: ‘मौत का कुआं’ बना होर्मुज! ट्रंप ने क्यों खींचे कदम पीछे?

वॉशिंगटन: मिडिल ईस्ट में चल रहे भीषण युद्ध के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और विदेश मंत्री मार्को रुबियो के ताजा बयानों ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में हलचल मचा दी है। ट्रंप प्रशासन ने यह साफ कर दिया है कि अमेरिकी सेना अब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) में प्रवेश नहीं करेगी। राष्ट्रपति ट्रंप ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि जिन देशों को तेल की जरूरत है, वे अपनी सुरक्षा का जिम्मा खुद उठाएं।
रणनीतिक पीछे हट या मजबूरी?
जब ईरान ने ओमान और फारस की खाड़ी के बीच स्थित होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद किया, तो उम्मीद थी कि अमेरिका वहां सैन्य अभियान चलाएगा। हालांकि, कई दौर की उच्च स्तरीय बैठकों के बाद ट्रंप ने वहां न जाने का फैसला किया। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि होर्मुज अमेरिकी सैनिकों के लिए ‘मौत का कुआं’ साबित हो सकता है।
होर्मुज अमेरिका के लिए खतरनाक क्यों है? (5 मुख्य कारण)
1. भौगोलिक चुनौतियाँ और संकरा रास्ता: होर्मुज का भूगोल पूरी तरह ईरान के पक्ष में है। यह रास्ता इतना संकरा और उथला है कि यहाँ पानी के नीचे बड़े सैन्य ऑपरेशन करना नामुमकिन है। इतने तंग रास्ते में अमेरिकी नौसेना के बड़े युद्धपोत आसानी से ईरानी मिसाइलों का निशाना बन सकते हैं।
2. ड्रोन हमलों का खतरा: अमेरिकी सुरक्षा सलाहकार डेन केन की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इस संकरे रास्ते में एक मामूली ड्रोन भी अरबों डॉलर के अमेरिकी युद्धपोत को तबाह कर सकता है। अगर ऐसा हुआ, तो वैश्विक स्तर पर अमेरिका की सैन्य साख को गहरा धक्का लगेगा।
3. भारी जनहानि की आशंका: CSIS के सीनियर एडवाइजर मार्क कैंसियन के अनुसार, होर्मुज में लैंडिंग करना सैनिकों के लिए आत्मघाती साबित हो सकता है। वियतनाम और अफगानिस्तान की गलतियों से सबक लेते हुए ट्रंप प्रशासन किसी भी ऐसी स्थिति से बचना चाहता है जहाँ बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिकों की जान जाए।
4. मिड-टर्म चुनाव और घरेलू राजनीति: अमेरिका में इस साल के अंत में मिड-टर्म चुनाव होने हैं। युद्ध में सैनिकों की मौत ट्रंप की लोकप्रियता को खत्म कर सकती है। ट्रंप जानते हैं कि युद्ध की विफलता उनकी सत्ता को खतरे में डाल सकती है।
5. भारी आर्थिक बोझ और बेनतीजा लक्ष्य: इस युद्ध में अब तक अमेरिका 30 बिलियन डॉलर से अधिक खर्च कर चुका है। मुख्य लक्ष्य ‘तख्तापलट’ (Regime Change) था, जो होर्मुज पर नियंत्रण से हासिल होता नहीं दिख रहा है। ऐसे में लंबे समय तक युद्ध में फंसे रहना अमेरिका के लिए घाटे का सौदा है।

