ममता बनर्जी ने डॉक्टरों से काम पर लौटने की अपील की, सभी मांगें मानी

 

न्यूज़ डेस्क।

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करके हड़ताल कर रहे डॉक्टरों से काम पर लौटने की अपील की। उन्होंने कहा कि हजारों लोग चिकित्सा उपचार की प्रतीक्षा कर रहे हैं।

ममता बनर्जी ने कहा, ‘हमने किसी को गिरफ्तार नहीं किया है और ना ही हम एस्मा लगाने जा रहे हैं। ममता ने कहा है कि जूनियर डॉक्टर काम लौटें, हमने उनकी सभी मांगें मान ली हैं।

इस दौरान ममता बनर्जी ने डॉक्टरों के साथ हुई मारपीट की घटना को दुर्भाग्यपूर्ण भी बताया। उन्होंने कहा कि हमने लगातार एक समाधान तक पहुंचने की कोशिश की थी। राज्य सरकार जल्द से जल्द सामान्य चिकित्सा सेवाएं फिर से शुरू करने के लिए प्रतिबद्ध है।

यह भी पढ़ें: डॉक्टरों के हड़ताल के बीच डा. कफील ने IMA से लगाई गुहार

उन्होंने कहा कि, हमने उनकी सभी मांगें मान ली हैं। मैंने अपने मंत्रियों, प्रधान सेक्रेटरी को डॉक्टरों से मिलने के लिए भेजा था, कल और आज डॉक्टरों के प्रतिनिधिमंडल से मिलने के लिए 5 घंटे तक इंतजार किया, लेकिन वे नहीं आए। ममता बनर्जी ने कहा कि आपको संवैधानिक संस्था को सम्मान देना होगा।

गौरतलब है कि कोलकाता के एनआरएस अस्पताल में 11 जून को मेडिकल स्टाफ से मारपीट हुई थी, इसी के बाद कई अस्पतालों के डॉक्टर 4 दिन से हड़ताल पर हैं। सीएम ममता बनर्जी ने डॉक्टरों को हड़ताल खत्म नहीं करने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी थी। ममता के इसी बयान पर बंगाल जूनियर डॉक्टर जॉइंट फोरम नाराज है और ममता के सामने छह शर्तें रखीं है। वहीं आईएमए ने 17 जून को देशभर में हड़ताल का आह्वान किया है। बंगाल में अब तक 300 डॉक्टर इस्तीफा दे चुके हैं।

बंगाल में डाक्टरों की हड़ताल पर राजनीति भी गरमा गई है। मीडिया से लेकर सोशल मीडिया तक सब जगह डाक्टरों की हड़ताल को लेकर चर्चा है। इससे पहले मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आपात बैठक बुलाई। इस बैठक में अडिश्नल चीफ सेक्रेटरी (स्वास्थ्य) राजीव सिन्हा भी पहुंचे। राज्य में डॉक्टरों की हड़ताल पर कैसे काबू पाया जाए और मेडिकल सेवाओं को कैसे बहाल किया जाए, इस पर मंथन हुआ।

Related Articles

Back to top button